मोहम्मद साहिल मोहम्मद सोहेल का गला काट दिया
धनबाद: वासेपुर में बीते रविवार को हुए दोहरे हत्याकांड का पर्दाफाश हो गया है। वासेपुर की गनी काॅलोनी के दबंग सद्दाम ने अपने तीन भाइयों के साथ मिलकर दोनों युवकों को मार डाला था। पुलिस ने गुलाम मुस्तफा उर्फ मिस्टर, साकिब अंसारी और शकील अंसारी उर्फ बैरिस्टर को गिरफ्तार कर लिया है। आज सभी की कोर्ट में पेशी होगी। सद्दाम फरार है। उसकी तलाश हो रही है। पुलिस ने हत्या में प्रयुक्त हथियार भी बरामद कर लिया है।
पुलिस हिरासत में बैरिस्टर ने बताया कि सद्दाम मारुफगंज की एक लड़की से प्रेम करता था। बात करने के लिए रोज रात में उसे खिड़की से मोबाइल देकर जाता था और सुबह ले लेता था। हाल ही में ऐसा करते हुए सोहेल ने उसे देख लिया था और लड़की के भाई को इसकी जानकारी दे दी थी। एक दिन सोहेल व लड़की के भाई ने सद्दाम को ऐसा करते रंगे हाथों पकड़ लिया और उसकी जमकर पिटाई कर दी थी।
बीते शुक्रवार को हुई थी जमकर मारपीट
वारदात के दो दिन पहले शुक्रवार को जब सद्दाम नमाज पढ़ने गया तो वहां सोहेल मिल गया। दोनों में जमकर मारपीट हुई। इसके बाद सद्दाम ने सोहेल की हत्या करने का इरादा कर लिया। इसके लिए अपने तीन भाइयों को तैयार किया। रविवार सुबह से ही सोहेल पर नजर रखी जा रही थी। हालांकि सोहेल भी उनका इरादा भांप गया था और अकेले नहीं निकल रहा था। रात में सन्नाटा देख अपने साथी साहिल के साथ निकल गया। सुनसान गली में पहुंचते ही सद्दाम व उसके भाइयों ने दोनों को मार डाला। साहिल गुड़िया खान का रिश्तेदार था। सद्दाम उसे नहीं मारना चाहता था। बैरिस्टर ने बताया कि साहिल को छोड़ देने पर वह सबको बता देता, इसलिए उसे भी मारना पड़ा
घर के बाहर बैरिस्टर का नहीं, सोहेल का ही था खून
पुलिस ने यह तो पता लगा लिया था कि दोनों की हत्या प्रेम प्रसंग के विवाद में हुई, लेकिन मारनेवालों का पता नहीं चल रहा था। सोमवार को सद्दाम के घर के बाहर लोगों ने खून का धब्बा देखा तो उसके घर पहुंच गए और उसके भाइयों को पीटने लगे। इस बीच पुलिस भी पहुंच गई और सद्दाम के चारों भाइयों को हिरासत में ले लिया। पहले तो उन्होंने पुलिस को उलझा दिया। बताया कि बैरिस्टर दर्जी का काम करता है। काम के दौरान कैंची लगने से अंगुली कट गई थी जिससे खून बह गया। पुलिस ने सद्दाम को बुलवाने का प्रयास किया। भाइयों से उसकी जानकारी ली, मगर पता नहीं चला। तब खून के धब्बे की फोरेंसिक जांच कराई।
इसमें पता चला कि खून बैरिस्टर का नहीं, बल्कि सोहेल का है। इसके बाद पुलिस ने सख्ती की तो आरोपित टूट गए और राज उगल दिया। सद्दाम के एक भाई को निर्दोष पाते हुए छोड़ दिया गया। वासेपुर के लोगों में सद्दाम व उसके परिवार के प्रति काफी आक्रोश है। मंगलवार को जब उसके सबसे छोटे भाई को पुलिस ने छोड़ दिया तो लोग उसे पीटने के लिए उसके घर पहुंच गए। हालांकि पुलिस ने उनको शांत किया।
14 और 15 साल है दोनों मकतूल की उम्र
पुलिस के मुताबिक, यह वारदात बीती रात की है. वासेपुर के आरा मोड़ गनी मुहल्ला में आधा दर्जन युवकों ने दो किशोरों मोहम्मद साहिल (14) और मोहम्मद सुहैल (15) को दौड़ा कर पकड़ा और उनका गला रेतकर दोनों को मौत के घाट उतार दिया. मृतक दोनों आपस में दोस्त थे और वासेपुर की न्यू अफसर कॉलोनी मारूफगंज में रहते थे. वारदात के बाद किसी की सूचना पर पुलिस मौके पर पहुंची थी. दोनों के शव गली में एक-दूसरे से 15 फीट की दूरी पर पड़े थे. हत्याकांड के बाद इलाके में भारी भीड़ जुट गई थी और विरोध कर रही थी. इस वजह से पुलिस को दोनों लाशों को कब्जे में लेने में कड़ी मशक्कत करनी पड़ी.
कतरास से पकड़ा गया सद्दाम
घटना के अगले दिन ही गनी मुहल्ला के लोगों के सहयोग से शकील उर्फ बैरिस्टर, गुलाम मुस्तफा उर्फ मिस्टर व साकिब को पुलिस ने हिरासत में ले लिया था, लेकिन मुख्य आरोपी सद्दाम पुलिस की पकड़ से बाहर था. बुधवार को बैंक मोड़ पुलिस ने कतरास से सद्दाम पकड़ा. सद्दाम छह भाई है. इसका एक भाई खाड़ी देश में रहता है. एक अन्य भाई प्यारे को भी पुलिस ने हिरासत में लिया था, लेकिन साक्ष्य नहीं मिलने के कारण उसे छोड़ दिया. चारों भाइयों मे मिस्टर (35) सबसे बड़ा है. वह डेंटिंग-पेंटिंग का काम करता था. उसके बाद बैरिस्टर (31) है. वह खाद्य सामग्री की छोटी-मोटी दुकान चलाता था. इसके बाद सद्दाम (27) है. वह कारपेंटर का काम करता था. चारों में सबसे छोटा साकिब है जो टेलर का काम करता था.

गुड़िया खान की तरफ घूमी दोहरे हत्याकांड की जांच की सूई, अज्ञात के खिलाफ एफआइआर दर्ज
वासेपुर में हुए दोहरे हत्याकांड की जांच वासेपुर की ही गुड़िया खान की ओर घूम गई है। दरअसल हीरापुर की जिस लड़की से प्रेम-प्रसंग के मामले में दोनों युवकों की हत्या की बात सामने आ रही है, वह लड़की गुड़िया खान की रिश्तेदार है।
इधर, मामले में सोहेल (मृतक) के पिता ने भले ही अज्ञात के खिलाफ एफआइआर दर्ज कराई हो, मगर उसने पुलिस को जो बयान दिया है, उसमें यह साफ कहा है कि गुड़िया खान ने उसके बेटे को जबरदस्ती अपने साथ रखा था। इस हत्याकांड में पुलिस द्वारा अभी तक हिरासत में लिये गए लोगों में पुराने मामलों में संलिप्त रहे मोंटी और साजिद के अलावा पुराने केस में वांटेड सद्दाम के चारों भाई मिस्टर, बैरिस्टर, इमरान और साकिब व वासेपुर की ही एक महिला रेणु शामिल है।
सोहेल के पिता ने लगाया आरोप- बेटे से नहीं दिया जाता था मिलने
मामले में रविवार की रात वासेपुर में मारे गए सोहेल के पिता अकबर के बयान पर अज्ञात लोगों के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज की गई है। प्राथमिकी में अकबर ने आरोप लगाया है कि उसके बेटे को गुड़िया खान पिछले छह- सात वर्षों से अपने साथ रख रही थी। वह कई बार चाहता था कि उसका बेटा उसके साथ आकर रहे, मगर वह जब भी अपने बेटे को लाने की कोशिश करता तो उसे उससे मिलने नहीं दिया जाता। अकबर ने पुलिस को जो बयान दिया है, उसमें उसने यह भी आरोप लगाया है कि गुड़िया खान ही कहीं न कहीं उसके बेटे की हत्या की जिम्मेवार है।
घर के बाहर दिखा खून तो पकड़ कर पुलिस को सौंप दिया
सद्दाम के चारों भाइयों को हिरासत में लेकर पुछताछ करने की भी एक अलग कहानी है। दरअसल आज स्थानीय लोगों को उसके घर के बाहर खून के धब्बे दिखाई दिए, जिसके बाद चारों भाई मिस्टर, बैरिस्टर, इमरान और साकिब के घर वासेपुर के लोग पहुंच गए और उन लोगों की पिटाई करनी शुरू कर दी। इसके बाद मामले की सूचना पुलिस को दी गई। पुलिस ने चारों को हिरासत में लेकर पूछताछ की तो पता चला कि बैरिस्टर दर्जी का काम करता है। काम के दौरान उसकी अंगुली कट गई थी, जिससे खून के निशान लग गए थे। उसने अपनी कटी हुई अंगुली पुलिस को दिखाई है।
सोहेल से इनका हुआ था झगड़ा
इधर, गुडि़या खान ने आरोप लगाया है कि सद्दाम के चारों भाइयों का झगड़ा सोहेल खान से एक सप्ताह पूर्व सरकारी स्कूल के पास हुआ था। उनका आरोप है कि इन्हीं लोगों ने इसका बदला लेने के लिए सोहेल व साहिल दोनों की हत्या करवा दी।
वासेपुर के दोनों दोस्तों पर 30 से अधिक बार चाकूओं से किया गया था प्रहार
वासेपुर के दोनों दोस्तों की हत्या तेज धारदार चाकू से की गई थी। दोनों युवक सोहेल और साहिल पर हत्यारों ने चाकू से ताबड़तोड़ वार किए थे। पोस्टमार्टम के दौरान दोनों के शरीर पर 15-15 से अधिक जख्म मिले। हृदय और पेट को भी हत्यारों ने निशाना बनाया था। दिल और पेट पर ही लगभग छह-छह बार चाकू से हमला किया गया था। इससे काफी रक्तस्राव हुआ और थोड़ी देर बाद ही दोनों की मौत हो गई। दोनों के पोस्टमार्टम में यह बातें सामने आई।
पोस्टमार्टम सूत्रों के अनुसार, दोनों युवकों ने हमलावरों से बचने का काफी प्रयास किया। इस कारण दोनों के हाथों पर भी चाकू से कई वार किए गए थे। जख्मों से अंदाजा लगाया जा रहा है कि हत्यारों की संख्या चार अथवा उससे अधिक हो सकती है। हालांकि यह पुलिस की जांच में ही स्पष्ट होगा।






