इंदौर पुलिस को एक बड़ी सफलता मिली है। शहर में दंगा कराने से पहले ही पुलिस ने दंगा करवाने वाले चार आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया है। दरसअल पिछले कुछ दिनों से कुछ असामाजिक तत्वों द्वारा इंदौर शहर का माहौल बिगाड़ने की कोशिश की जा रही थी। लगातार चार घटनाएं होने के बाद सामने आया कि इसमें शोशल मीडिया की अहम भूमिका है। DIG के निर्देश पर राजेश रघुवंशी के नेतृत्व में एक पुलिस टीम बनाई, जो कि सोशल मीडिया फेसबुक, इंस्टाग्राम,वाट्सअप,ओर ट्विटर और खास नजर रखेगा और टीम लागातार सोशल मीडिया और नजर बनाए हुए थी। तभी ये देखने मे आया कि इंदौर में एक बड़ा दंगा करवाने की साजिश रची जा रही है। इसे देखते हुए कुछ लोगों की पुलिस ने पहचान निकाली और उनके जानकारी एकत्रित की।
पुलिस ने जब आरोपियों से पूछताछ की तो पता चला कि एक ग्रूप है जो इंदौर में आने वाले दिनों एक बड़ा दंगा करवाने के मकसद से लोगों को लगातार सोशल मीडिया के माध्यम से भड़का रहा है। ताकि इंदौर में एक बड़ा दंगा कराया जा सके। वहीं पूछताछ में एक बात और सामने आई थी। कि वारदात उस तरीक़े से होना चाहिए, कि पुलिस भी हैरान रह जाए मतलब एक जगह वारदात करो। जब पुलिस वह फोर्स लगा दे तो दूसरी जगह फिर तीसरी जगह ऐसे अलग-अलग जगह वारदात करो ताकि पुलिस परेशान हो जाये। लेकिन इंदौर की पुलिस ने अपनी सूझबूझ से एक बड़ा दंगा होने से पहले ही 4 आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया है। जिसमें दी खजराना और 1 रानी पूरा व 1 अन्य जगह का रहने वाला है। चारों ओर धारा 153 के तहत पुलिस बने कार्रवाई की है। वहीं इसमे अभी और भी आरोपी है जिन्हें पुलिस जल्द गिरफ्तार करेगी।
सोशल मीडिया द्वारा इंदौर शहर में दंगा कराने की साजिश की गई। समय रहते कुछ लड़कों को पकड़ लिया गया। दंगा भड़काने की धारा के आधार पर FIR दर्ज़ की गई। अभी पुलिस ने 4 लोगों को राउंडअप किया है: इंदौर पुलिस अधीक्षक आशुतोष बागरी, मध्य प्रदेश pic.twitter.com/sds8z1IK5v — ANI_HindiNews (@AHindinews) August 28, 2021
एएनआई न्यूज एजेंसी के अनुसार, इंदौर पुलिस अधीक्षक आशुतोष बागरी ने बताया कि आरोपी लड़के सोशल मीडिया के द्वारा लोगों की भावनाओं को भड़काना चाहते थे। इनके इरादे ठीक नहीं थे। अगर वे सफ़ल हो जाते तो एक बड़ा दंगा शहर में हो सकता था। बताया जाता है इंदौर में हाल ही देश विरोधी नारे लगने वाली घटना ने और एक चूड़ी बेचने वाले के साथ की गई मारपीट के बाद एक धर्म विशेष के ये चारों युवा सोशल मीडिया पर लगातार दंगा भड़काने वाले मैसेज शेयर कर रहे थे। पुलिस ने चारों की पहचान अल्तमस, इमरान अंसारी, सैय्यद इरफान अली और जावेद खान के रूप में की है।
इंदौर में हिन्दू संगठनों की रैली में गड़बड़ी फ़ैलाकर दंगे करने की साज़िश रचने वाले षडयंत्रकारियों को इंदौर पुलिस ने गिरफ़्तार किया है।
शहर की फ़िजा में ज़हर घोलने वाले बख्शे नहीं जायेंगे, पुलिस ऐसे असामाजिक तत्व औऱ इनके संरक्षकों के ख़िलाफ़ कठोरतम कार्यवाही करे। — Kailash Vijayvargiya (@KailashOnline) August 28, 2021
पुलिस अधीक्षक बागरी ने बताया कि चारों को पकड़ने के लिए स्पेशल साइबर पुलिस की मदद ली गई थी। इसके बाद टीम ने आपरेशन को अंजाम देते हुए स्पेशल साइबर टीम और खजराना पुलिस ने इन्हें गिरफ्त में ले लिया है। मामले के बाद भारतीय जनता पार्टी के वरिष्ठ नेता कैलाश विजयवर्गीय ने एक ट्वीट करते हुए कहा कि इंदौर में हिन्दू संगठनों की रैली में गड़बड़ी फ़ैलाकर दंगे करने की साज़िश रचने वाले षडयंत्रकारियों को इंदौर पुलिस ने गिरफ़्तार किया है। शहर की फ़िजा में ज़हर घोलने वाले बख्शे नहीं जायेंगे, पुलिस ऐसे असामाजिक तत्व औऱ इनके संरक्षकों के ख़िलाफ़ कठोरतम कार्रवाई करे।





