परवेज ने बेटी का नंबर-वीडियो ग्रुप में लीक किया, फिर 8 मुस्लिम लड़कों ने किया रेप: ऑपइंडिया से बोलीं खेड़ा गैंगरेप पीड़िता की माँ, सुनाई ‘विश्वासघात’ की आपबीती

हाल ही में खबर आई थी कि गुजरात के खेड़ा में एक हिंदू नाबालिग लड़की के साथ मुस्लिम युवकों ने गैंगरेप किया। पुलिस ने इस मामले में 9 मुस्लिम आरोपितों के खिलाफ FIR दर्ज की और 8 को गिरफ्तार भी कर लिया गया। एक आरोपित फरार है, जिसकी तलाश में पुलिस अभी भी लगी हुई है। खेड़ा की घटना कैसे हुई? कैसे एक 17 साल की हिंदू नाबालिग लड़की को परवेज पठान ने बहला-फुसलाकर अपने साथ ले गया और फिर उसके मुस्लिम दोस्तों ने उसका रेप किया।

इस घटना के बारे में और जानकारी पाने के लिए ऑपइंडिया की टीम पीड़िता के परिवार से मिली। पीड़िता की माँ और शिकायतकर्ता भावनाबेन (बदला हुआ नाम) ने ऑपइंडिया के सामने कई खुलासे किए। उन्होंने कहा कि मुख्य आरोपित परवेज और उसके परिवार के बीच काफी घनिष्ठ रिश्ते थे और वे अक्सर एक-दूसरे के घर आते-जाते रहते थे। इसी भरोसे का फायदा उठाकर परवेज ने उनकी बेटी को फँसाया।

शिकायत करने वाले ने आरोप लगाया कि परवेज ने पहले उनकी बेटी को बहला-फुसलाकर भगाया और फिर पीड़िता का मोबाइल नंबर अपने मुस्लिम दोस्तों के ग्रुप में लीक कर दिया। इसके बाद उसके मुस्लिम दोस्त बार-बार कॉल और मैसेज कर बेटी को परेशान कर रहे थे। पीड़िता के परिवार के पास इसके सबूत भी हैं। उन्होंने कहा है कि आरोपित ने पीड़िता के अश्लील वीडियो भी अपने दोस्तों के ग्रुप में शेयर किए थे, जिसकी वजह से उनकी बेटी को बार-बार ब्लैकमेल किया गया और शारीरिक संबंध बनाने के लिए मजबूर किया गया।

आरोपित के परिवार से घर जैसे रिश्ते थे – शिकायतकर्ता

पीड़िता की माँ के मुताबिक, परवेज पठान के परिवार से उनके घर जैसे रिश्ते थे। परवेज के दादा का ट्रैक्टर पीड़िता के पिता चलाते थे और वे घर आते-जाते थे। इसके बावजूद परवेज ने उस हिंदू परिवार की बेटी की जिंदगी से खेला। शिकायतकर्ता ने कहा, “इन लोगों (मुस्लिम आरोपियों) के रिश्तों की कोई लिमिट नहीं है। अगर वे अपनी ही बहनों और बेटियों से रिश्ते बनाते हैं, तो हम उनसे यह उम्मीद नहीं कर सकते कि वे हमारी बहनों या बेटियों को नीची नजर से न देखें।”

उन्होंने पूरे हिंदू समुदाय को यह मैसेज देने की कोशिश की कि “इन लोगों पर भरोसा नहीं किया जा सकता। इन लोगों से घर जैसे रिश्ते होने के बावजूद वे हमारे ही परिवार की बेटी को नीची नजर से देखते हैं। शुरू में हम समाज के डर से पुलिस में शिकायत करने को भी तैयार नहीं थे, लेकिन हिंदू संगठनों के समझाने के बाद यह कदम उठाया गया है।”

शिकायतकर्ता के मुताबिक, हिंदू संगठनों ने पीड़ित परिवार को समझाया था कि अगर उन्होंने आज शिकायत नहीं की, तो भविष्य में 10 और हिंदू बेटियाँ इसी तरह फँस जाएँगी और हिंदू समाज उन्हें बचा नहीं पाएगा। इसके बाद पीड़ित परिवार शिकायत करने के लिए तैयार हुआ। पीड़ित की माँ ने कहा कि उन्होंने पुलिस में शिकायत इसलिए की है ताकि जो उनकी बेटी के साथ हुआ, वह किसी और हिंदू बेटी के साथ न हो।

शुरू में पुलिस ने शिकायत नहीं लिखी – माँ

पीड़िता की माँ ने पुलिस के शुरुआती रवैये पर भी सवाल उठाए हैं। उन्होंने कहा है कि शुरू में जब पीड़िता के पिता और एक दूसरे लोकल नेता इस मामले में शिकायत करने गए, तो उन्हें थाने से भगा दिया गया और पुलिस ने शिकायत नहीं लिखी। बाद में हिंदू संगठनों और पीड़िता की माँ ने मिलकर थाने जाकर शिकायत की, और आखिर में पुलिस ने एक्शन लिया।

शिकायतकर्ता ने कहा है कि दूसरी बार शिकायत करने के बाद पुलिस ने एक्शन लिया, लेकिन साहिल नाम के एक शख्स को अभी तक गिरफ्तार नहीं किया गया है। पुलिस कह रही है कि उसे पकड़ने के लिए जाँच की जा रही है। पीड़िता की माँ ने सरकार से माँग की है कि सभी आरोपितों को कड़ी से कड़ी सजा दी जाए, ताकि किसी और हिंदू बेटी की जिंदगी बर्बाद न हो।

उन्होंने यह भी मांग की है कि इस केस की अच्छी तरह से जाँच हो और आरोपितों को सख्त से सख्त सजा मिले। पुलिस ने अब तक इस केस में 8 आरोपितों को गिरफ्तार किया है और उनसे पूछताछ चल रही है।

आरोपितों की पहचान परवेज अनवर खान उर्फ ​​मुनव्वर खान पठान (मुख्य आरोपी), माहिर याकूब पठान, फैजान जहीर खान पठान, तौफीक उर्फ ​​तौसीक हुसैन खान पठान, साहिल लियाकत खान उर्फ ​​दाऊद पठान (अभी फरार), अयान लियाकत खान पठान, मोइन फिरोज खान पठान, मारूफ उर्फ ​​नूरानी मुबारक पठान और सलमान आरिफ खान पठान के तौर पर हुई है।