पहले भाजपा टिकट घोषित करती थी,कांग्रेस भेजती थी केंद हाइकमान को,अब भाजपा हुई कांग्रेस,कांग्रेस हुई भाजपा…..
16 नगर निगम के महापौर पद के उम्मीदवार के नामों पर शनिवार को प्रदेश भाजपा के कोर ग्रुप ने मंथन किया। चार घंटे से ज्यादा चली बैठक में एक-एक नगर निगम को लेकर चर्चा की गई। इस दौरान जीत की संभावना वाले दावेदारों के नामों पर विचार किया गया। इसमें जिला प्रभारियोंं द्वारा दिए गए फीडबैक, मुख्यमंत्री के अंतरिक सर्वे, संगठन की तैयारी से लेकर स्थानीय समीकरणों को पर बात हुई। बैठक में भोपाल, इंदौर, जबलपुर, ग्वालियर और सागर नगर निगम को लेकर विस्तार से बात हुई। यहां दावेदारों की संख्या अधिक है, इसलिए अभी विचार किया जाएगा। रविवार को वरिष्ठ नेता फिर से बैठक करेंगे। वहीं, जिन निकायों को लेकर आम सहमति है, उनके उम्मीदवारों की घोषणा एक-दो दिन में कर दी जाएगी।
प्रदेश भाजपा कार्यालय में शाम साढ़े सात बजे तक हुई बैठक में संगठन ने जिला प्रभारियों द्वारा गई रिपोर्ट पर विचार किया गया। ग्वालियर में सुमन शर्मा, समीक्षा गुप्ता का नाम सामने आया है तो भोपाल में गोविंदपुरा सीट से विधायक कृष्णा गौर, उपमा राय सहित अन्य के नाम पर चर्चा की गई। हालांकि, पार्टी विधायकों को महापौर का चुनाव लड़ने के पक्ष में नहीं है। दरअसल, इंदौर से रमेश मेंदोला की भी दावेदारी है। पार्टी नए लोगों को मौका देने के पक्ष में है। डा.निशांत खरे के नाम पर भी विचार हुआ। जबलपुर के लिए डा.जीतेंद्र नामदार, अभिलाष पांडे की दावेदारी पर चर्चा हुई। इसी तरह सागर में भी नेताओं के बीच उम्मीदवार को लेकर एक राय नहीं है। बैठक में मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान ने उम्मीदवारों को अपना फीडबैक रखा। सभी वरिष्ठ नेताओं से उम्मीदवारों को लेकर उनका पक्ष जाना गया। सूत्रों का कहना है कि जिन नगर निगम के उम्मीदवारों को लेकर सहमति है, उनके नामों की घोषणा एक-दो दिन में की जा सकती है। पार्टी की प्रदेश महामंत्री कविता पाटीदार ने बताया कि कोर ग्रुप में महापौर पद के उम्मीदवारों को लेकर नीचे से जो नाम आए हैं, उन सभी पर विचार किया गया। जल्द ही सूची जारी कर दी जाएगी। उधर, रविवार को बुलाई गई विधायकों और सांसदों की बैठक को स्थगित कर दिया है। जिन नगर निगम के महापौर पद के उम्मीदवारों के नाम पर आम सहमति नहीं बनी है, उन पर विचार किया जाएगा।
प्रदेश भाजपा कार्यालय में शनिवार को कोर ग्रुप से पहले बैठकों का दौर चलता रहा। प्रदेश अध्यक्ष, प्रदेश संगठन महामंत्री और चुनाव प्रबंधन समिति के संयोजक भगवानदास सबनानी ने संभागीय चयन समिति, जिला प्रभारी और नगर पालिका चुनाव के प्रभारियों के साथ चुनाव की तैयारियों को लेकर वीडियो कांफ्रेंसिंग के माध्यम से चर्चा की। जिला चयन समितियां कोर ग्रुप को पार्षद पद के लिए उम्मीदवार के नाम प्रस्तावित करेंगी। वहीं, प्रदेश कार्यालय में दिनभर दावेदार नेताओं से मुलाकात करते रहे।
उम्मीदवार कोई भी हो, मिलकर जिताना है
बैठक में पार्टी पदाधिकारियों की ओर से साफ संदेश दिया गया कि उम्मीदवार कोई भी है, मिलकर उसे जिताना है। यह चुनाव काफी महत्वपूर्ण हैं और हमें इसे अवसर की तरह लेना है। हमने मतदान केंद्र स्तर पर तैयारी प्रारंभ कर दी है। उम्मीदवार चयन के बाद इसे और गति देना है।
नए चेहरे पर दांव लगाएगी पार्टी
सूत्रों के मुताबिक पार्टी इस बार नए चेहरों पर दांव लगाएगी। सामाजिक क्षेत्र में काम करने वाले, कोरोना महामारी के दौरान सक्रिय भूमिका निभाने वाले कार्यकर्ताओं को मौका दिया जाएगा। युवाओं को आगे बढ़ाने पर भी पार्टी निकाय चुनाव में काम करेगी। जिला चयन समितियों से कहा गया है कि वे उम्मीदवार के नाम प्रस्तावित करते समय इन बातों का भी ध्यान रखें।
घोषणा पत्र को लेकर चर्चा
बैठक में नगरीय निकाय चुनाव के घोषणा पत्र को लेकर भी चर्चा हुई। इसके साथ ही चुनाव प्रचार अभियान को लेकर विचार किया गया। तय किया गया कि सभी बड़े नेता नगर निगम के प्रचार में जुटेंगे। मंत्री अपने प्रभार औरगृह जिले में कमान संभालेंगे।
सिंधिया पहुंचे, तोमर हुए रवाना
बैठक में केंद्रीय मंत्री ज्योतिरादित्य सिंधिया रात करीब 10 बजे के बाद पहुंचे। उनके पहुंचने के कुछ देर बाद केंद्रीय मंत्री नरेंद्र सिंह तोमर चले गए। बताया जा रहा है कि तोमर का पूर्व नियोजित कार्यकम था। इसी तरह केंद्रीय मंत्री फग्गन सिंह कुलस्ते भी बैठक खत्म होने के पहले चले गए। वहीं पार्टी के राष्ट्रीय महासचिव कैलाश विजयवर्गीय, प्रदेश की सह प्रभारी पंकजा मुंडे और सांसद गजेन्द्र सिंह पटेल वीडियो कांफ्रेंसिंग के माध्यम से बैठक में शामिल हुए। जबकि, प्रदेश कार्यालय में राष्ट्रीय सह संगठन महामंत्री शिवप्रकाश, प्रदेश प्रभारी मुरलीधर राव, प्रदेश अध्यक्ष विष्णुदत्त शर्मा, मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान, वीरेंद्र कुमार खटीक, प्रदेश संगठन महामंत्री हितानंद, पार्टी के राष्ट्रीय सचिव ओमप्रकाश धुर्वे, पूर्व प्रदेश अध्यक्ष राकेश सिंह, मंत्री डा. नरोत्तम मिश्रा, भूपेंद्र सिंह, प्रदेश महामंत्री कविता पाटीदार, अनुसूचित जाति मोर्चा के राष्ट्रीय अध्यक्ष लालसिंह आर्य, महाराष्ट्र के सह प्रभारी जयभान सिंह पवैया, विधायक राजेंद्र शुक्ला, रामपाल सिंह, महिला मोर्चा की प्रदेश अध्यक्ष माया नारोलिया उपस्थित थे।
ग्वालियर में केंद्रीय मंत्रियों के बीच टकराव की स्थिति बनती जा रही है। नगर निगम चुनाव में महापौर के टिकट के लिए नरेंद्र सिंह तोमर और ज्योतिरादित्य सिंधिया आमने सामने हैं। इसके चलते बीजेपी कोर ग्रुप की मीटिंग में कोई डिसीजन नहीं हो पाया। कहा जा रहा है कि महापौर का टिकट यह स्पष्ट कर देगा कि ग्वालियर में किस का सिक्का चलेगा।
ग्वालियर में डॉ. वीरा लोहिया, सुमन शर्मा, माया सिंह और समीक्षा गुप्ता के नाम प्रस्तावित किए गए हैं। राह में किसी तरह का रोड़ा ना आए इसलिए ज्योतिरादित्य सिंधिया कोर ग्रुप की बैठक के पहले ही ग्वालियर पहुंच गए थे। सूत्रों का कहना है कि सिंधिया चाहते थे कि वाले से केवल एक नाम जाए परंतु ऐसा नहीं हो सका। भोपाल में कोर ग्रुप की बैठक में केंद्रीय मंत्री नरेंद्र सिंह तोमर स्वयं उपस्थित थे। मीटिंग में ग्वालियर के टिकट को लेकर क्या-क्या हुआ होगा, ग्वालियर चंबल के लोग अच्छी तरह से जानते हैं।
ज्योतिरादित्य सिंधिया, मुंबई से लौटकर भोपाल आए

जब शनिवार को कोर ग्रुप की मीटिंग में ग्वालियर का डिसीजन नहीं हो पाया तो ज्योतिरादित्य सिंधिया मुंबई से लौटकर भोपाल आए आ गए। आज सुबह सीएम शिवराज सिंह चौहान से मिलने पहुंच गए। दोनों के बीच सुबह की चाय पर चर्चा हुई है। संगठन के सूत्रों का कहना है कि सभी लोग ज्योतिरादित्य सिंधिया और नरेंद्र सिंह तोमर के बीच सहमति बनाने का प्रयास कर रहे हैं।
अचानक भोपाल आए सिंधिया, तोमर मीटिंग छोड़ कर चले गए
शनिवार शाम 7 बजे से रात 11 बजे तक बीजेपी कोर ग्रुप की बैठक चली। इस बैठक में केन्द्रीय मंत्री ज्योतिरादित्य सिंधिया वर्चुअल जुडे़ थे लेकिन ग्वालियर में महापौर के प्रत्याशी को लेकर सहमति नहीं बन पाई। मीटिंग खत्म नहीं हो पाई इससे पहले ज्योतिरादित्य सिंधिया मुंबई से फ्लाईट से रात करीब 10:38 पर सिंधिया बीजेपी ऑफिस पहुंचे। यहां उनके पहुंचने के करीब चार-पांच मिनट में ही बैठक से केन्द्रीय मंत्री नरेन्द्र सिंह तोमर निकलकर रवाना हो गए।






