बीते बुधवार को मांझा थाना क्षेत्र के पथरा गांव से आतंकी संगठनों से संबंध और टेरर फंडिंग में एनआइए द्वारा गिरफ्तार जफर अब्बास पूर्व में साइबर क्राइम में दो बार तिहाड़ जेल जा चुका है। पता चला है कि एनआइए ने उसके घर से जो बैंक पासबुक बरामद किए हैं, उनकी जांच में कई बैंक खाते में दो करोड़ रुपये से ज्यादा के लेनदेन की जानकारी मिली है। एनआइए उसे ट्रांजिट रिमांड पर दिल्ली ले जाकर पूछताछ कर रही है।
सूत्रों के अनुसार जफर अब्बास भोपाल में बीटेक की पढ़ाई के दौरान दो बार साइबर क्राइम के मामले गिरफ्तार हो चुका है। वह तिहाड़ जेल में रह चुका है। जेल से निकलने के बाद उसकी आतंकी गतिविधियों में शामिल होने की बात कही जा रही है। जफर 2017 और 2018 में साइबर क्राइम मामले में जेल गया था। इसके बाद इंटरनेट मीडिया के माध्यम से वह पाकिस्तान के आतंकियों के संपर्क में आ गया। एनआइए को इनपुट मिला तो उसके बारे में पड़ताल करने लगी। पुख्ता सबूत मिलने के बाद ही उसे गिरफ्तार कर लिया गया। वहीं इलाके में टेरर फंडिंग से जुड़े अन्य लोगों की कुंडली भी खंगाली जा रही है।
फोन पर कोड वर्ड का करता था इस्तेमाल
जफर अब्बास अपने गांव में लोगों से कम ही मिलता- जुलता था। गांव के लोगों ने बताया कि वह फोन पर कोड वर्ड का इस्तेमाल करता था। गांव के लोगों को भी उसपर शक था। जफर हमेशा पुलिस को देखकर दूरी बना लेता था।
पुलिस को देख कूद गया था तालाब में
बुधवार को जब पुलिस टीम के साथ सादी वर्दी में लोगों को देख जफर ने घर के पास तालाब में छलांग लगा दी तो एनआइए की टीम तालाब को घेरकर उसके बाहर निकलने का इंतजार करने लगी। 90 मिनट तक वह पानी में रहा और एनआइए को चकमा देने का प्रयास किया। पुलिस के जवानों ने भी पानी में कूदकर उसकी तलाश शुरू कर दी थी।
करीबियों के बैंक खाते की जांच
दिल्ली से आई एनआइए की टीम ने जफर अब्बास की कई पासबुक को जब्त करने के साथ ही उससे पूछताछ के आधार पर उसके करीबियों के बैंक खाते को भी खंगाल रही है। एनआइए को शक है कि जफर ने करोड़ों की राशि पाकिस्तान सहित अन्य देशों से टेरर फंडिंग के तहत मंगाई है।
छह माह बाद होना था निकाह
जफर अब्बास का छह माह बाद निकाह होना है। घर के सदस्य तैयारी करने में जुटे थे। एनआइए की छापेमारी के बाद घर और आसपास के लोगों के होश उड़ गए। जिले में एनआइए की टीम ने चार सालों में तीसरी बार छापेमारी की। पूर्व में टीम ने लश्कर के सदस्य रहे धनु राजा, महफूज अली व सोहेल खान को गिरफ्तार किया था।





