Burkina Faso Attack: अफ्रीकी देश बुर्कीना फासो कई सालों बाद भयानक हमले का शिकार हुआ है. साल 2015 के बाद इस देश के एक गांव में आतंकियों ने घुसकर सैकड़ों लोगों को मौत के घाट उतार दिया. मीडिया रिपोर्ट्स के अनुसार, हमलावरों ने उत्तरी बुर्किना फासो के एक गांव में रात को घुसकर जमकर गोलीबारी की.
हमलावरों की गोलीबारी में 132 से ज्यादा नागरिकों की हत्या कर दी गई. बीते कुछ वर्षो में यह देश का सबसे घातक हमला माना जा रहा है. बुर्कीना फासो की सरकार ने बताया कि हमलावरों ने नाइजर की सीमा से सटे याघा प्रांत के सोल्हान गांव में दर्दनाक घटना को अंजाम दिया. जब वह बंदूकों से लैस होकर गांव में घुस आए और निहत्थे लोगों पर गोलीबारी शुरू कर दी.
देश की सरकार के अनुसार, हमलावरों ने बच्चों को भी नहीं बख्सा और उन पर भी गोलीबारी की. इस खून-खराबे के अलावा हमलावरों ने ग्रामीणों के घरों और बाजारों को आग लगा दी. सरकार ने 72 घंटे का राष्ट्रीय शोक घोषित किया है. हमलावरों की इस वारदात को सरकार ने आतंकी घटना बताया और कहा कि घटना की जांच जारी है.
बता दें कि पश्चिम अफ्रीका के साहेल क्षेत्र में अलकायदा और इस्लामिक स्टेट से जुड़े जिहादियों के हमले इन दिनों काफी तेजी से बढ़े हैं. सरकार के प्रवक्ता औसेनी तंबोरा ने एक बयान जारी कर कहा कि हमला साहेल याघा प्रांत के सोल्हान गांव में शुक्रवार शाम को हुआ. उन्होंने बताया कि नाइजर की सीमा के पास वाले गांव के कई घरों और स्थानीय बाजार में आगजनी की गई.
संयुक्त राष्ट्र प्रमुख एंटोनियो गुटेरेश ने भी इस दर्दनाक हमले की निंदा की तथा आक्रोश व्यक्त किया. उन्होंने कहा कि वह कड़े शब्दों में इस जघन्य हमले की निंदा करते हूं. उन्होंने कहा कि अंतरराष्ट्रीय समुदाय को हिंसक चरमपंथ और इसके कारण हो रही मौतों से जूझने के लिए अपने सदस्य देश को दी जाने वाली मदद जल्द से जल्द दोगुनी कर देनी चाहिए.





