उत्तर प्रदेश के बिजनौर जिले में एक ऐसा मामला सामने आया है, जो समाज में पुरुषों के प्रति पूर्वाग्रह को उजागर करता है।
यहाँ एक पति को अपनी पत्नी ने बेहद क्रूरता से प्रताड़ित किया—हाथ-पैर बाँधे, नशे की गोली खिलाई, सीने पर बैठकर पीटा, और प्राइवेट पार्ट समेत शरीर के कई हिस्सों को जलती सिगरेट से दागा। यहाँ तक कि चाकू से काटने की कोशिश भी की गई।
पति मन्नान ज़ैदी को पता था कि बिना सबूत के उनकी बात पर कोई यकीन नहीं करेगा। इसलिए उन्होंने बेडरूम में हिडन कैमरा (CCTV) लगवाया।
वीडियो में साफ दिखा—पत्नी मेहर जहां उन्हें बंधक बनाकर यातना दे रही है। यह फुटेज पुलिस को सौंपा गया, जिसके आधार पर मेहर जहां को गिरफ्तार कर लिया गया। आरोपों में अटेम्प्ट टू मर्डर, मारपीट और यातना शामिल हैं।
घटना अप्रैल 2024 में चक महदूद गांव (स्योहारा थाना क्षेत्र) की है। पति ने बताया कि पत्नी को बियर, बिरयानी, सिगरेट और गुटखे की लत थी, और न मिलने पर वह हिंसक हो जाती थी।
यह केस बताता है कि समाज और न्याय व्यवस्था में पुरुषों को अक्सर दोषी मान लिया जाता है, जब तक वे खुद अपनी निर्दोषता साबित न कर दें। बिना सबूत के कितने पुरुष चुप रह जाते होंगे?
क्या यह सोच बदलने का वक्त नहीं आ गया? पुरुष भी घरेलू हिंसा के शिकार हो सकते हैं, और उन्हें भी न्याय मिलना चाहिए।
कैसे कैसे सनकी पड़े हैं दुनिया में






